हमसफ़र Humsafar - Pamela Jain Lyrics In Hindi 2020

ना जाने कौनसी दुआ का हुआ असर
मिला सफ़र में तू बनके मुझे हमसफ़र
ना जाने कौनसी दुआ का हुआ असर
मिला सफ़र में तू बनके मुझे हमसफ़र
अब तुझसे ही तो है जीने की हर वजह
बिना तुम्हारे हूँ मैं इक सिफ़र
ना जाने कौनसी दुआ का हुआ असर
मिला सफ़र में तू बनके मुझे हमसफ़र
मंज़ूर नही पलकें भी तू दे
मेरी साँसों को धड़कन को तू ज़रूरी
मंज़ूर नही पलकें भी तू दे
मेरी साँसों को धड़कन को तू ज़रूरी
मेरी रातों के अंधेरे को दे चाँदनी
मेरे हर सवेरे में तुझसे ही रोशनी
वक़्त मेरा अब है तू हर पल में अब तू ही तू
तुझसे मेरे चारों पहर
ना जाने कौनसी दुआ का हुआ असर
मिला सफ़र में तू बनके मुझे हमसफ़र
हाथों की मेरे लकीरें है तू
ख्वाब मेरा तू ही तबीरें भी तू
हाथों की मेरे लकीरें है तू
ख्वाब मेरा तू ही तबीरें भी तू
मैं लड़खदौ तो सहारा तू है
गर मार के जी पौ दुबारा तू ही है
तू ही हुमराज़ है मेरा सुर और साज़ है
तुझसे ही सरगम की लेहायर
ना जाने कौनसी दुआ का हुआ असर
मिला सफ़र में तू बनके मुझे हमसफ़र

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